ब्यूरो रिपोर्ट : नरेंद्र पांडेय, बगहा
पश्चिम चंपारण जिले के मधुबनी प्रखंड अंतर्गत नैनहा, रेवहिया तथा खैरटवा गांवों में गंडक नदी के बढ़ते जलस्तर के कारण बाढ़ का पानी आबादी वाले क्षेत्रों में प्रवेश कर गया है। बाढ़ के पानी से हजारों लोग प्रभावित हुए हैं और ग्रामीणों के बीच भय एवं अनिश्चितता का माहौल बना हुआ है।

जानकारी के अनुसार, रविवार को दोपहर 12 बजे वाल्मीकिनगर गंडक बराज से लगभग 4 लाख 32 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया, जिसके बाद दियारा क्षेत्र के लोगों की चिंताएं और बढ़ गई हैं। नदी का जलस्तर लगातार बढ़ने से कई गांवों में घरों, सड़कों और खेतों में पानी फैल गया है।
स्थिति का जायजा लेने पहुंचे मधुबनी अंचलाधिकारी (सीओ) नंदलाल राम ने नैनहा गांव में बाढ़ प्रभावित परिवारों के बीच मीठा, चना और चिउड़ा का वितरण किया। उन्होंने ग्रामीणों को भरोसा दिलाया कि प्रशासन उनकी हर संभव सहायता के लिए तत्पर है तथा राहत एवं बचाव कार्य लगातार जारी रहेगा।

सीओ नंदलाल राम ने लोगों से सतर्क रहने, प्रशासन द्वारा जारी निर्देशों का पालन करने तथा सुरक्षित स्थानों पर रहने की अपील की। उन्होंने कहा कि बाढ़ प्रभावित परिवारों को राहत सामग्री उपलब्ध कराने और आवश्यक सुविधाएं पहुंचाने के लिए प्रशासन पूरी तरह सक्रिय है।
उधर, जलस्तर बढ़ने की खबर के बाद दियारा क्षेत्र के गांवों में लोगों ने सुरक्षित स्थानों की ओर जाना शुरू कर दिया है। ग्रामीण प्रशासन से नाव, राहत शिविर और अन्य आवश्यक सुविधाओं की मांग कर रहे हैं।

प्रशासन लगातार स्थिति पर नजर बनाए हुए है और लोगों से अफवाहों पर ध्यान न देने तथा किसी भी आपात स्थिति में स्थानीय प्रशासन को तुरंत सूचना देने की अपील की है।
