बेतिया से आशीष पांडेय की रिपोर्ट…
बेतिया। कचरा प्रबंधन को आय के साधन में बदलकर योगापट्टी प्रखंड की डुमरी पंचायत ने स्वच्छता के क्षेत्र में बेहतर उदाहरण पेश किया है। पंचायत में स्वच्छ भारत मिशन (ग्रामीण) एवं लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान के तहत संचालित ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन (SLWM) योजना के कार्यों को देखने के लिए गुरुवार को एक्सपोजर विजिट सह प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया।

जिला पदाधिकारी तरनजोत सिंह के निर्देश और डीडीसी काजले वैभव नितिन के मार्गदर्शन में आयोजित कार्यक्रम में जिले के विभिन्न प्रखंडों के प्रखंड समन्वयक और चयनित पंचायतों के स्वच्छता पर्यवेक्षक शामिल हुए। प्रतिभागियों ने डुमरी पंचायत में घर-घर कचरा संग्रहण, कचरे का पृथक्करण, प्रसंस्करण और जैविक खाद तैयार करने की प्रक्रिया को करीब से देखा।
पंचायत में घरों से एकत्र जैविक कचरे से खाद तैयार की जा रही है। पंचायत के अनुसार अब तक करीब 1700 क्विंटल जैविक खाद की बिक्री की जा चुकी है। खाद की बिक्री के लिए पंचायत क्षेत्र में विभिन्न केंद्र भी संचालित किए जा रहे हैं।

कार्यक्रम में मुखिया, बीडीओ, जिला समन्वयक और जिला सलाहकार ने प्रतिभागियों को अपशिष्ट प्रबंधन, खाद उत्पादन और उसके विपणन की व्यावहारिक जानकारी दी। अधिकारियों ने डुमरी के मॉडल को अन्य पंचायतों में लागू करने पर जोर दिया।
